Congress News : कमलनाथ के दरबार मे दावेदारों की लगने लगी हाजिरी, दावेदार बता रहे अपने आप को श्रेष्ठ उम्मीदवार
Congress News: Contenders started appearing in Kamal Nath's court, claimants are telling themselves the best candidates

Congress News : बैतूल। एक तरफ जहां भाजपा अपने 230 उम्मीदवारों में से 39 नामों को हरीझंडी दे चुकी है तो वहीं कांग्रेस में टिकिट वितरण को लेकर काफी धीमी गति से काम होता नजर आ रहा है। भाजपा में टिकिट किसे मिलेगी किसे नहीं इस थ्योरी पर सीधे भाजपा के नंबर 2 नेता अमित शाह की थ्योरी काम कर रही है, लेकिन कांग्रेस में टिकिट वितरण का सारा दारोमदार पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के कंधों पर ही दिखाई दे रहा है। यही वजह है कि बैतूल जिले की पांचों विधान सभाओं से चुनाव लडऩे वाले इच्छुक उम्मीदवारों का जमावड़ा कमलनाथ के दरबार मे लगना शुरू हो गया है।
कमलनाथ के दरबार मे हाजिरी लगाने वाले सभी दावेदार अन्य दावेदारों की अपेक्षा अपने आप को श्रेष्ठ बताते अपना रिपोर्ट कार्ड भी सौंप रहे हैं ताकि इस पर विचार किया जा सके। हालांकि खबर ये भी है कि यह दावेदार अपने आप को सही बताने के चक्कर मे दूसरे दावेदारों की कमियां भी उजागर कर रहे हैं। खैर जो भी है राजनीति में दावेदारी करना सभी नेताओं का अधिकार है देखना है की आखिर किसके नाम पर मोहर लगती है।
आमला से मोनिका मनोज सहित हितेश की तगड़ी दावेदारी (Congress News)
आमला सारणी विधान सभा की बात करें तो चुनाव लडऩे की मंशा पाले हुए कमलनाथ के दरबार मे सबसे पहली एंट्री प्रशासनिक अधिकारी के पद से स्तीफा देने वाली निशा बांगरे ने मारी थी। इन्हें आश्वासन तो मिला, लेकिन इस्तीफे और कांग्रेस की सदस्यता को लेकर अभी पेंच फंसा हुआ है, इस बात की गारंटी कम ही है कि निशा को टिकिट मिलेगी या नहीं।
दूसरी तरफ एक विधान सभा चुनाव हार चुके पूर्व नपा अध्यक्ष मनोज मालवे ने एक बार फिर इस विधान सभा से अपनी दावेदारी कमलनाथ के दरबार मे ठोंकी है।खबर है कि मनोज के सबसे विश्वसनीय माने जाने वाले पूर्व मंत्री और मुलताई विधायक सुखदेव पांसे का मनोज को सपोर्ट मिल सकता है। इसी तरह आमला सारणी विधानसभा से जिला महिला कांग्रेस अध्यक्ष मोनिका निरापुरे की दावेदारी भी मजबूत नजर आ रही है।
मोनिका यह पहले ही बता चुकी हैं। उनकी दावेदारी के सामने दूसरे दावेदार इसलिए कमजोर हैं, क्योंकि मनोज एक विधानसभा चुनाव हार चुके हैं और दूसरी दावेदार सीमा अतुलकर भी पार्षद का चुंनाव नहीं जीत पाई हैं। हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया है कि यदि उन्हें टिकिट ना देकर किसी और को दिया जाता है तो वे कांग्रेस के उसी उम्मीदवार के लिए काम करेंगी।
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हितेश के नाम की चर्चा भी जोरों पर
आमला सारणी विधान सभा मे कांग्रेस से एक नाम काफी चर्चा का विषय बना हुआ है और वो नाम है क्षेत्र के युवा नेता एवं जिला पंचायत सदस्य हितेश निरापुरे का । हितेश पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और मुलताई विधायक सुखदेव पांसे के कट्टर समर्थक माने जाते हैं।
हाल ही में उन्होंने कमलनाथ द्वारा प्रदेश में चलाई जा रही नारी सम्मान यात्रा को आमला सारणी विधानसभा क्षेत्र में हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। हितेश के नेतृत्व में यह रथ विधान सभा के 264 ग्रामों में पहुंचकर कांग्रेस के नारी सम्मान की जानकारी ग्रामीण जनों को प्रदान करेगी।
घोड़ाडोंगरी से काकोडिय़ा और राहुल उइके ठोंक रहे ताल
चुनावी सरगर्मियों के बीच घोड़ाडोंगरी विधानसभा मे भी दावेदारों में हलचल शुरू हो चुकी है। वर्तमान में इस विधान सभा मे विधायक ब्रम्हा भलावी कांग्रेस विधायक हैं, लेकिन बावजूद इसके आदिवासी कांग्रेस के जिला अध्यक्ष एवं गांधी चौपाल के विधान सभा संयोजक डॉ रमेश ककोडिया भी कांग्रेस की टिकिट पर चुनाव लडऩे के लिए ताल ठोंक चुके हैं।
काकोडिय़ा शनिवार अपने 300 समर्थकों के साथ भोपाल पहुंचे और कमलनाथ से मिलकर अपनी दावेदारी पेश की।ककोडिया के साथ भोपाल पहुंचे सैकड़ों समर्थकों ने कमलनाथ से कहा है कि यदि घोड़ाडोंगरी से रमेश ककोडिया को उम्मीदवार बनाया जाता है तो उन्हें भारी बहुमतों से विजयश्री दिलवाई जाएगी। गौरतलब है कि डॉ. रमेश काकोडिय़ा 50 वाहनों का काफिला लेकर कमलनाथ के दरबार मे पहुंचे थे, जिनमे 15 जनपद सदस्य, 30 सरपंच,सहित सैकड़ों समर्थक मौजूद थे।
इसके अलावा घोड़ाडोंगरी विधानसभा से जनपद अध्यक्ष राहुल उइके भी इस विधान सभा से प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं जो इस विधान सभा से अपनी दावेदारी को लेकर कमलनाथ के दरबार मे अपनी उपस्तिथी दर्ज करा चुके हैं। राहुल उइके घोड़ाडोंगरी के पूर्व विधायक एवं पूर्व मंत्री प्रताप सिंह उइके के भतीजे भी हैं।
पिछले कई सालों से विधान सभा क्षेत्र में कांग्रेस की राजनीति कर रहे हैं। फिलहाल कमलनाथ के दरबार मे लगातार दावेदारों का आना जाना लगा हुआ है, देखना बाकी है कि किस दावेदार की दावेदारी मजबूती से उभरकर सामने आती है।




