Betul Loksabha Election: लोकसभा चुनाव के लिए 6 फरवरी कांग्रेस के खुलेंगे पत्ते
Betul Loksabha Election: Congress will open its cards for Lok Sabha elections on 6th February.

संसदीय क्षेत्र में चुनाव के लिए आधा दर्जन बड़े चेहरे के नाम सामने आए, सहमति नहीं बनी तो बड़ा आदिवासी नेता भी लड़ सकता है चुनाव
Betul Loksabha Election: (बैतूल)। लोकसभा चुनाव का बिगुल इस माह के अंत तक कभी भी बज सकता है। भाजपा ने तो काफी पहले इसकी तैयारियां शुरू कर दी थी, लेकिन कांग्रेस हमेशा की तरह पिछड़ गई। अलबत्ता मंथनों का दौर जरूर चल रहा है, पर स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। वैसे 6 फरवरी को भोपाल में संसदीय क्षेत्र के दिग्गज नेताओं को प्रदेश के प्रभारी और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष की ओर से बुलावा आया है।
संभावना है कि इसी दिन दावेदार के पत्ते खुल जाएंगे। अब तक जो जानकारी सामने आई है, उसके अनुसार करीब आधा दर्जन स्थानीय दावेदारों के नामों की सूची भोपाल पहुंची है। यदि इस पर सहमति नहीं बनती है तो इस बार कांग्रेस भी भाजपा को टक्कर देने के लिए प्रदेश के किसी बड़े आदिवासी चेहरे पर दाव लगा सकती है।
बैतूल जिले में कांग्रेस की स्थिति काफी खराब कही जा सकती है। बीते चुनाव में जिस तरह से पांचों विधानसभा सीटों पर कांग्रेस की बुरी तरह हार हुई है, इस हार से अब तक पार्टी उबर नहीं पाई है। भले ही दो मर्तबा विधानसभा चुनाव में हार की समीक्षा के लिए बैठकें आयोजित हो चुकी है, लेकिन हार के कारणों की गर्त तक कांग्रेस दो माह में भी नहीं जा पाई है। इसी वजह समीक्षा बैठक केवल औपचारिक बनकर रह गई। इधर लोकसभा चुनाव की सुुगबुगाहट शुरू होने से विधानसभा चुनाव की हार से सबक लिए बिना तैयारियां शुरू कर दी गई है। इससे कांग्रेस कार्यकर्ताओं का मनोबल अभी भी काफी गिरा हुआ है। जिले में कुल पांच विधानसभा आते हैं। कांग्रेस केवल घोड़ाडोंगरी क्षेत्र में कम से कम करीब पांच हजार वोटों से पराजित हुई। शेष चार विधानसभा में उसकी करारी हार हुई है। ऐसे में लोकसभा चुनाव की तैयारियां करना पार्टी के कार्यकर्ताओं के लिए किसी चुनौती से कम नहीं होगा।
अब तक इनके नाम सामने आए (Betul Loksabha Election)
कांग्रेस सूत्रों ने बताया कि विधानसभा चुनाव में पराजित होने के बाद कांग्रेस भी भाजपा की तर्ज पर लोकसभा चुनाव की तैयारियों में जुट गई है। नए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ऊर्जावान होने के साथ काफी सक्रिय है, इसलिए कांग्रेसियों में नया जोश देखने को मिल रहा है। सूत्र बताते हैं कि पीसीसी चीफ ने सभी जिलों से संभावित दावेदारों के नाम जिला कांग्रेस अध्यक्षों से मांगे थे। इनमें जो नाम भोपाल पहुंचे, उनमें बीते लोकसभा चुनाव में उम्मीदवार रामू टेकाम, घोड़ाडोंगरी से बीते विधानसभा में टिकट के मजबूत दावेदार डॉ रमेश काकोडिय़ा, जिला कांग्रेस की महिला अध्यक्ष पुष्पा पेंद्राम, भैंसदेही के पूर्व विधायक धरमू सिंह सिरसाम के नामों का समावेश है।
दूसरी ओर संसदीय क्षेत्र के टिमरनी से पहली बार जीते युवा विधायक अभिजीत शाह का नाम भी इस सूची में गया है। सूत्र बताते हैं कि रामू टेकाम की दावेदारी कमलनाथ के प्रदेश अध्यक्ष रहते काफी गंभीर थी, लेकिन पीसीसी चीफ बदलने के बाद डॉ. काकोडिय़ा, धरमू सिंह और अभिजीत शाह का नाम गंभीरता से विचार किया जा रहा है। यदि स्थानीय उम्मीदवार को मौका मिलता है तो इन तीनों में से ही किसी को पार्टी टिकट से नवाज सकती है। वैसे रामू टेकाम की दावेदारी को भी इसलिए नरज अंदाज नहीं किया जा सकता है, क्योंकि आदिवासी समाज में उनकी गहरी पैठ होने के अलावा उनका नेटवर्क पूरे संसदीय क्षेत्र में काफी मजबूत बताया जा रहा है।
कांग्रेस के पास यह विकल्प भी (Betul Loksabha Election)
इधर कांग्रेस से जुड़े सूत्रों ने बताया कि स्थानीय नेताओं में आपसी सामंजस्य न होने के कारण इस बार कांग्रेस किसी बाहरी और बड़े आदिवासी नेता पर भी दाव खेल सकती है। इसकी चर्चा वैसे स्थानीय कांग्रेसियों को भी नहीं है, लेकिन भोपाल से छनकर आ रही खबर पर यकीन करें तो कांग्रेस के बड़े दिग्गज और आदिवासी चेहरें को बैतूल से उम्मीदवार बनाया जा सकता है। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का मत है कि इस बार भाजपा को टक्कर देने के लिए पूरे 29 संसदीय क्षेत्र में दमदार प्रत्याशी उतारने की तैयारी कर रही है, इसलिए बैतूल में भी दिग्गज चेहरे को उतारने पर चर्चा चल रही है।
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6 को बैतूल के 16 कांग्रेसियों के साथ प्रभारी की चर्चा
(Betul Loksabha Election)
इधर 6 फरवरी को अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव और प्रदेश प्रभारी जितेंद्र भंवर सिंह, प्रदेश अध्यक्ष जित्तू पटवारी और नेताप्रतिपक्ष उमंग सिंगार की मौजूदगी में भोपाल में लोकसभा क्षेत्र की बैठक आयोजित की गई। दोपहर 12.30 बजे बैठक का समय तय किया है। इस बैठक में जिले से 16 और संसदीय क्षेत्र से कुल 35 कांग्रेस नेताओं को बुलाया गया है। इसमें जिले से जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुनील शर्मा, हेमंत वागद्रे, पूर्व विधायक सुखदेव पांसे, बह्मा भलावी, निलय डागा, धरमू सिंह सिरसाम, प्रताप सिंह उइके, राधाकृष्ण गर्ग, कांग्रेस नेता समीर खान, रामू टेकाम, मनोज आर्य, राहुल उइके, मनोज मालवे, स्पेंसर लाल, अंबरदीप बुनकर, विजय पारधी को बुलावा भेजा गया है। इसके अलावा अन्य 19 कांग्रेसी हरदा-हरसूद- टिमरनी क्षेत्र से आमंत्रित किए गए हैं।





