Amla Politics : आमला एपिसोड का नाटकीय अंत : मनोज मालवे को मिला बी फार्म
Amla Politics: Dramatic end of Amla episode: Manoj Malve gets B form

कांग्रेस में शामिल होने के पहले निशा को करारा झटका, आगे की रणनीति पर टिकी सबकी नजर
Amla Politics : (बैतूल/ छिंदवाड़ा)। बैतूल जिले की बहुचर्चित आमला विधानसभा सीट पर कांग्रेस उम्मीदवार को लेकर लंबे समय से चल रही जद्दोजहद खत्म होते दिखाई दे रही है। ऐसे समय जब डिप्टी कलेक्टर पद से इस्तीफा देकर टिकट मांग रही निशा बांगरे ने गुरुवार को दोपहर कमलनाथ के नामांकन दाखिल करने की सभा में कांग्रेस का दामन थाम लिया, लेकिन इसके पहले ही पार्टी ने आमला से कांग्रेस के घोषित प्रत्याशी मनोज मालवे का बी फार्म भी दे दिया। यह निशा बांगरे के लिए किसी सदमे से कम नहीं है। सूत्रों के अनुसार वे कांग्रेस का दामन टिकट की शर्त पर ही थाम रही है। इस तरह लंबे समय से आमला में कांग्रेस उम्मीदवार को लेकर चल रही तमाम कवायद अब खत्म हो गई है।
जून माह में अपने पद से इस्तीफा देकर चर्चा में आई निशा बांगरे ने अब तक किसी पार्टी का दामन नहीं थामा था। हालांकि इस्तीफा स्वीकार नहीं होने पर कांग्रेस ने उनकी खुलकर मदद की। खबरों के मुताबिक खुद कमलनाथ और दिग्विजय सिंह ने नामी अधिवक्ता कपिल सिब्बल और विवेक तन्खा से उनकी पैरवी कराई। तीन दिन पहले राज्य शासन ने हाईकोर्ट के निर्देश पर उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया, लेकिन इसके एक दिन पहले ही कांग्रेस ने मनोज मालवे पर दाव खेलकर निशा बांगरे को जैसे करारा झटका दिया। इस बीच मालवे टिकट घोषित होते ही प्रचार में जुट गए हैं।
छिंदवाड़ा में कमलनाथ से मिलकर रखी अपनी बात (Amla Politics)
सूत्रों के मुताबिक बुधवार देर रात निशा बांगरे ने अपने समर्थकों के साथ छिंदवाड़ा में कमलनाथ के शिकारपुर स्थित बंगले पर मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने कमलनाथ से अपना स्टैंड भी स्पष्ट करने को कहा। सूत्रों के मुताबिक पद से इस्तीफा देने वाली डिप्टी कलेक्टर ने कमलनाथ ने बताया कि पार्टी ने इस्तीफा स्वीकार करने के लिए नामांकन जमा होने के पहले दो दिन तक का समय दिया था, लेकिन इसके पहले ही प्रत्याशी घोषित कर दिया गया।
उन्होंने भावनात्मक अंदाज में कमलनाथ को अपनी बातें कही। इसके बाद कमलनाथ ने केवल इतना ही कहा कि अब केंद्रीय नेतृत्व से इस संबंध में चर्चा कर कोई हल निकाला जाएगा। सूत्र बताते हैं कि जिस तरह कमलनाथ ने निशा बांगरे को केंद्रीय नेतृत्व का हवाला दिया है कि इससे उनके टिकट पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं।
कमलनाथ के कहने पर करी कांग्रेस ज्वाइन
बुधवार रात कमलनाथ ने निशा बांगरे को शिकारपुर में कहा था कि उनसे पहले ही कांग्रेस ज्वाइन करने के लिए कहा था, लेकिन बात नहीं सुनी गई, लेकिन सकारात्मक परिणाम सामने आते। इस बीच टिकट की आश लिए बैठी बांगरे ने कमलनाथ को गुरुवार कांग्रेस ज्वाइन करने की बात कही तो वे भी राजी हो गए। सूत्रों के मुताबिक दोपहर में छिंदवाड़ा से अपना नामांकन दाखिल करने के बाद निशा ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण कर ली है। कमलनाथ ने उन्हें कांग्रेस का अंगवस्त्र भेंट कर सदस्यता दिलाई।

दिल के अरमा में आसुओं में बह गए…..
कांग्रेस से सदस्यता ग्रहण करने के पहले निशा बांगरे के लिए एक और बुरी खबर आई है कि उन्हें शीर्ष नेतृत्व से मिला आश्वासन केवल हौसला अफजाई तक ही सीमित था। दरअसल पार्टी ने गुरुवार दोपहर 12 बजे कांग्रेस प्रत्याशी मनोज मालवे का बी फार्म भी दे दिया। यह निशा बांगरे के लिए करारे झटके से कम नहीं है। कुल मिलाकर कहा जा सकता है कि अब कांग्रेस आमला से अपना उम्मीदवार नहीं बदलेगी।
संभावना यह भी है कि संगठन उनका उपयोग पूरे प्रदेश की अनुसूचित जाति वर्ग की सीटों पर प्रचार के लिए कर सकता है, लेकिन निशा इसे स्वीकार करें, इसकी संभावनाओं पर भी संशय है। इधर मालवे के करीब और जिला कांग्रेस सेवादल के अध्यक्ष अनुराग मिश्रा ने सांझवीर टाईम्स को बताया कि आमला से कांग्रेस प्रत्याशी का बी फार्म मिल चुका है।




