Betul News: भाजपा के गठन के 45 वर्ष बाद बैतूल को मिला प्रदेश अध्यक्ष!
Betul News: 45 years after the formation of BJP, Betul got a state president!

विधायक हेमंत खंडेलवाल के नाम पर सहमति, कल होगी औपचारिक घोषणा
Betul News: बैतूल। भाजपा के गठन के करीब 45 वर्ष बाद बैतूल को प्रदेश अध्यक्ष का पद मिलने वाला है। इसकी औपचारिक घोषणा कल 2 जुलाई को हो जाएगी। जैसा की मीडिया और भाजपा संगठन के सूत्रों के हवाले से खबर आ रही है, इसमें बैतूल के विधायक हेमंत खंडेलवाल का नाम सबसे टॉप पर है। कहा जा रहा है कि केंद्रीय पर्यवेक्षक मंगलवार अपरान्ह बाद भोपाल पहुंचेंगे तो चुनावी प्रक्रिया की शुरुआत होगी। बुधवार विधायक खंडेलवाल के नाम पर आम सहमति बनते ही बैतूल जिले की राजनीति में यह दिन सुनहरे अक्षरों मेें अंकित हो जाएगा।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष को लेकर वैसे तो लंबे समय से कई नाम चर्चा में है। हालांकि विधानसभा चुनाव के बाद ही भाजपा को नया प्रदेश अध्यक्ष मिलना था, लेकिन कई कारण ऐसे हुए, जिसकी वजह से अध्यक्ष का चुनाव लगातार बढ़ते ही जा रहा। तीन माह पहले ही चुनाव प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी, किंतु यहां पर भी केंद्रीय संगठन ने प्रक्रिया को आगे बढ़ा दिया। इसी वजह भाजपा में राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया भी पीछे हो गई। यही वजह है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनने के लिए शेष बचे प्रदेशों में नए अध्यक्ष को चुनने में अचानक तेजी आई और दो दिन पहले प्रदेश भाजपा के निर्वाचन अधिकारी विवेक शेजलवकर ने चुनावी तारीखों का एलान कर दिया है।
1 जुलाई को शाम 4.30 बजे से 6.30 बजे तक नामांकन प्रक्रिया पूरी होगी। शाम 7.30 बजे इसकी जांच और रात 8.30 बजे नाम वापसी होगी। एक से अधिक नाम पर होने पर 2 जुलाई को चुनाव प्रक्रिया होगी, लेकिन सूत्रों ने बताया कि मंगलवार शाम को ही नए प्रदेश अध्यक्ष के लिए एकमात्र नाम नामांकन दाखिल करने की तैयारी की जा चुकी है। इसके लिए बैतूल के विधायक हेमंत खंडेलवाल का नाम तय होने की खबर है। केवल औपचारिक एलान भर बाकी है। वैसे चुनाव अधिकारी धर्मेंद्र प्रधान 2 जुलाई को नए प्रदेश अध्यक्ष का भोपाल में एलान करेंगे।
हेमंत के नाम पर सभी नेताओं की सहमति
भाजपा से जुड़े सूत्र बताते हैं कि बैतूल विधायक हेमंत खंडेलवाल के नाम पर सत्ता और संगठन के अधिकांश नेताओं ने सहमति दे दी है। मुख्यमंत्री मोहन यादव पहले ही खंडेलवाल के नाम को सहमति दे चुके हैं। इसके बाद खबर है कि केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह के अलावा आरएसएस की भी हरीझंडी मिलते ही हेमंत का नाम लगभग तय कर लिया है। यदि उनका एकमात्र नामांकन मंगलवार को भराता है तो इसमें कोई चौकाने वाली बात नहीं होगी। हेमंत के बारे में कहा जाता है कि कम समय में उन्होंने भाजपा के राजनीति पटल पर अपने मृदुभाषी स्वभाव और राजनीतिक संबंधों से सभी का दिल जीता है। इसलिए उनके नाम पर सभी वरिष्ठ नेताओं ने सहमति लगा दी है। हेमंत के अध्यक्ष बननेे के पहले ही उनके गृह नगर बैतूल में जश्र की तैयारी शुरू हो गई है।
भाजपा की राजनीति में बढ़ रहा बैतूल का दबदबा
इसमें अतिशयोक्ति नहीं की भाजपा की राजनीति में इस समय बैतूल का दबदबा काफी बढ़ा हुआ है। सबसे पहले बीते वर्ष हुए लोकसभा चुनाव के बाद सांसद दुर्गादास उइके को मोदी मंत्रिमंडल में राज्यमंत्री बनाकर वर्षों का सूखा खत्म हुआ। यह सिलसिला इसी वर्ष और आगे बढ़ा और मोहन नागर को मप्र जनअभियान परिषद का उपाध्यक्ष बनाकर राज्यमंत्री का दर्जा दिया गया। अब हेमंत खंडेलवाल को संगठन प्रदेश अध्यक्ष बना रहा है, इससे बैतूल जिले की भाजपाई राजनीति का प्रदेश और देश की राजनीति में लगातार दबदबा बढ़ रहा है।
इसके पहले भाजपा के शासन में रामजीलाल को ही संसदीय सचिव बनने का अवसर मिला था। हालांकि निगम मंडल में किसी भी भाजपा नेता को एडजेस्ट नहीं किया गया, लेकिन कुशाभाऊ न्यास के अध्यक्ष के अलावा प्रदेश भाजपा कार्यालय निर्माण की महत्ती जिम्मेदारी संभाल रहे बैतूल विधायक हेमंत को प्रदेश भाजपा का मुखिया बनाकर संगठन ने बैतूल की राजनीति में नया इतिहास जोड़ दिया है।




