Betul Ki Khabar: अभिनंदन सरोवर के चारों तरफ फेंसिंग में फूंके 40 लाख रुपए!
Betul Ki Khabar: 40 lakh rupees spent on fencing around Abhinandan Sarovar!

इंसान तो क्या जानवरों को भी नहीं मिला सैर सपाटे का मौका
Betul Ki Khabar: बैतूल। पिछले कुछ सालों में शहर की सुंदरता बढ़ाने के नाम पर नपा में काबिज हुये जनप्रतिनिधियों ने किस तरह करोड़ों रुपयों की बर्बादी कमीशनखोरी की भेंट चढ़ा दी, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि अभिनंदन सरोवर के चारों तरफ लोहे की जालियों की फेंसिंग लगाने में ही करीब 40 लाख रुपए फूंक दिए गए, लेकिन परिणाम वहीं ढाक के तीन पात, बीते सालों में लोगों को सैर सपाटे का सपना दिखाकर दिए गए झुनझुने में जनता का पैसा तो बहा दिया गया, लेकिन सरोवर पर इंसान तो दूर जानवरों तक को सैर सपाटा करने का मौका नहीं मिला। क्या शहर में कोई इतना दम खम वाला शख्स है, जो तत्कालीन और वर्तमान जन प्रतिनिधियों से यह पूछने की हिम्मत रखता हो कि किस अधिकारी के चलते लाखों करोड़ों रुपयों को इस तरह पानी मे बहाया जा रहा है।
झाड़ियों में दब कर रह गई फेंसिंग, उद्देश्य की नहीं हुई पूर्ति
लगभग 5 वर्ष पूर्व अभिनंदन सरोवर को सुरक्षित कर चारों तरफ फेंसिंग लगाने के साथ साथ यहां लोगों के सैर सपाटे के लिए रास्ता बनाए जाने का प्रस्ताव बकायदा परिषद में पास कराया गया था। बैठक में कांग्रेस और भाजपा के तमाम पार्षद गण तक मौजूद थे। आनन-फानन में अधिकारियों समेत जनप्रतिनिधियों ने मौका मुआयना किया और आम जनता को सब्जबाग दिखा दिया गया। बताया जा रहा है कि फेंसिंग का काम करवाने में लगभग 40 लाख रुपए खर्च कर पूरा मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया गया। पैसा तो खर्च कर दिया गया, लेकिन इसके उद्देश्य की पूर्ति हुई कि नहीं यह सवाल पूरे 5 सालों में ना किसी जनप्रतिनिधि के जहन में आया और ना किसी ने यह पूछने के प्रयास किए कि जिस प्रयोजन के लिए टैेक्स के रूप में मिलने वाली राशि खर्च की गई, उस उद्देश्य की पूर्ति आखिर अभी तक क्यों नहीं हो पाई?
हालात यह हैं कि कमीशन खोरी की भेंट चढ़ चुकी 40 लाख रुपए की राशि घनी झाड़ियों के बीच दफन होकर रह गई है। यह मामला सिर्फ अभिनंदन सरोवर का नहीं है, बल्कि यह उस सोच को दर्शाता है जहां विकास के नाम पर योजनाएं बनाई जाती हैं, कागजों पर करोड़ों खर्च दिखाए जाते हैं, लेकिन जमीनी हकीकत में जनता को कुछ नहीं मिलता। आज जरूरत है कि कोई इस मामले पर सवाल उठाए और जिम्मेदारों से जवाब मांगे कि आखिर शहर की सुंदरता और जनता की सुविधाओं के नाम पर कब तक इसी तरह पैसों की बर्बादी होती रहेगी।
इनका कहना….
अभिनंदन सरोवर पर जिस प्रयोजन को फेंसिंग कराई गई थी। उसका अवलोकन किया जाएगा। प्रयास करेंगे कि उद्देश्य की पूर्ति हो जाए और लोगों को इसका लाभ भी मिल सके।
सतीश मटसेनिया सीएमओ नपा बैतूल




