Betul Samachar: सांझवीर की खबर पर लगी मुहर: शाहपुर समूह के लिए आया सिर्फ एक टेंडर

वैष्णवी ग्रुप को रिजर्व प्राइज पर मिला 20.78 करोड़ में ठेका
Betul Samachar: बैतूल। जिले में शराब दुकानों की नीलामी को लेकर सांझवीर टाईम्स की आशंका सच साबित होती नजर आई। पहले ही खबर में बड़े समूहों की नीलामी में सिंडिकेट बनने की संभावना जताई गई थी, जिस पर अब मुहर लग गई है। शाहपुर शराब समूह के लिए केवल एक ही टेंडर सामने आया, जिसके चलते आबकारी विभाग को यह समूह रिजर्व प्राइज पर ही आवंटित करना पड़ा।
आबकारी विभाग द्वारा 15 समूहों की 61 शराब दुकानों की नीलामी प्रक्रिया के तहत पहले चरण में 8 छोटे समूहों की नीलामी की जा चुकी थी। इसके बाद 10 मार्च से बड़े समूहों की नीलामी प्रक्रिया शुरू की गई। इसी क्रम में शाहपुर समूह के टेंडर खोले गए, जिसमें शाहपुर क्रमांक 1 और 2 के साथ भौंरा और पिसाजोड़ी की कुल 4 दुकानों का ठेका वैष्णवी ग्रुप को दे दिया गया।
हैरानी की बात यह रही कि इस समूह के लिए सिर्फ वैष्णवी ग्रुप का ही टेंडर आया था। ऐसे में आबकारी विभाग को मजबूरन रिजर्व प्राइज 20 करोड़ 78 लाख 47 हजार 956 में ही ठेका फाइनल करना पड़ा। बताया जा रहा है कि वैष्णवी ग्रुप चिचोली के बाली और रितेश मालवीय से जुड़ा हुआ है। आश्चर्य इस बात का है कि हाइवे पर सन्चालित इस समूह के लिए टेंडर क्यों नहीं आये। यह आबकारी विभाग के लिए विश्लेषण का विषय हो सकता है।यदि इस समूह के लिए एक से अधिक टेंडर आते तो शासन को मिलने वाले राजस्व में और बढ़ोतरी हो सकती थी।
सूत्रों की मानें तो रिजर्व प्राइज पर ठेका मिलने के बाद अब इस समूह में सालभर साझेदारी में जमकर कारोबार किए जाने की भी चर्चा है। इधर जिले के शेष बड़े समूहों बैतूल गंज, बैतूल बाजार, बगडोना, सारणी, आमला और भैंसदेही की नीलामी के लिए आबकारी विभाग ने नई कवायद शुरू कर दी है।
इन समूहों की नीलामी के लिए अब 12 मार्च से तीसरे चरण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इन 6 समूहों में कुल 24 शराब दुकानों की नीलामी होनी है। आबकारी विभाग जिला निष्पादन समिति की सहमति से इन समूहों का पुनर्गठन करेगा। पुनर्गठन के तहत सभी 24 दुकानों को नए सिरे से या आंशिक बदलाव के साथ नए समूहों में शामिल किया जाएगा, जिसके बाद दोबारा टेंडर आमंत्रित किए जाएंगे।




