Betul News: वीबी-जी-राम-जी योजना मील का पत्थर साबित होगा

प्रभारी मंत्री ने पत्रकारवार्ता में बताई योजना की जानकारी, कांग्रेस पर कटाक्ष, कहा- सेवादल से गांधी टोपी भी गायब

Betul News: जिले के प्रभारी मंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल ने कहा है कि प्रभारीमंत्री नरेन्द्र मोदी की दूरदर्शी, संवेदनशील और राष्ट्रहित को सर्वोपरी रखने वाले नेतृत्व में केन्द्र सरकार द्वारा शुरू की गई विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं अजीविका मिशन (वीबी-जी-राम-जी योजना) भारत को आत्मनिर्भर बनाने के दिशा में एतिहासिक मील का पत्थर साबित होगा। यह योजना केवल रोजगार देने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह गांवों के समग्र विकास, आजीविका सुदृढ़ीकरण, पारदर्शिता, जवाबदेही और स्थायी परिसंपत्ति निर्माण की गारंटी देती है।

यह बात उन्होंनेगुरूवार को जिला भाजपा कार्यालय में आयोजित पत्रकारवार्ता को संबोधित करते हुए कही। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष सुधाकर पवार, विधायक डॉ. योगेश पंडाग्रे, चन्द्रशेखर देशमुख, जिला पंचायत अध्यक्ष राजा पवार मौजूद थे। प्रभारी मंत्री ने बताया कि अब तक मनरेगा के अंतर्गत ग्रामीण श्रमिकों को 100 दिन के रोजगार की गारंटी मिलती थी। प्रधानमंत्री ने इसके बढ़ाकर 125 दिन कर दिया है। एक और महत्वपूर्ण-व्यवहारिक निर्णय लेकर सरकार ने खेती की बुआई और कटाई के 60 दिन अनिवार्य कर दिए है।

इसका अर्थ है कि मजदूरों को गांवों में ही श्रम की आवश्यकता अनुसार काम मिलेगा। किसानों को समय पर श्रम उपलब्ध होगा और अर्थ व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। उन्होंने बताया कि सरकार की यह योजना पलायन रोकने की दशा में एक क्रांतिकारी योजना है। सरकार का प्रयास है कि रोजगार के साथ सरोजगार और उघमिता की और बढ़े और विकास यात्रा की और कदम बढ़ाए। विस्तार से वीबी-जी-राम-जी योजना की जानकारी दी।

प्रभारी मंत्री ने कांग्रेस पर योजना पर राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा है कि कांग्रेसियों को गांधी जी टोपी से तक नफरत हो गई है। कांग्रेस सेवादल में पहले गांधी टोपी पहनी जाती थी, लेकिन कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सेवादल से गांधी टोपी को हटा दिया है। उन्होंने आरोप लगाया है कि उन्होंने सदैव गांधी जी के विचारों के साथ अन्याय किया। भाजपा और मोदी सरकार गांधी जी के विचारों को जमीन पर उतारने का काम कर रही है।

प्रभारी मंत्री ने कांग्रेस पर कटाक्ष करते कहा कि कांग्रेस सरकारों ने देश में लगभग 600 संस्थानों, योजनाओं पुरस्कारों के नाम गांधी परिवार के नाम पर रखे। देश के खेल रत्न अवार्ड को भी राजीव गांधी के नाम पर रखे जबकि खेल में उनका कोई योगदान नहीं था। इसके बाद भी कांग्रेस इस महत्वकांक्षी योजना का विरोध कर हंसी का पात्र बन रही है।

Ankit Suryawanshi

मैं www.snewstimes.com का एडिटर हूं। मैं 2021 से लगातार ऑनलाइन न्यूज पोर्टल पर काम कर रहा हूं। मुझे कई बड़ी वेबसाइट पर कंटेंट लिखकर गूगल पर रैंक कराए हैं। मैने 2021 में सबसे पहले khabarwani.com, फिर betulupdate.com, sanjhveer.com, taptidarshan.com, betulvarta.com, yatharthyoddha.com पर काम करने का अनुभव प्राप्त हैं।इसके अलावा मैं 2012 से पत्रकारिता/मीडिया से जुड़ा हुआ हूं। प्रदेश टुडे के बाद लोकमत समाचार में लगभग 6 साल सेवाएं दीं। इसके साथ ही बैतूल जिले के खबरवानी, प्रादेशिक जनमत के लिए काम किया।

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