Betul Ki Khabar: बाहरी राज्यों से लाए वाहनों को आरटीओ ने दिखाया बाहर का रास्ता
Betul Ki Khabar: RTO shows the way out to vehicles brought from outside states

डायरेक्ट मेन्युफेक्चरिंग कम्पनी से किया वेरिफिकेशन, फर्जी निकले वाहन
Betul Ki Khabar: बैतूल। दूसरे राज्यों से आने वाले वाहनों और ड्राइविंग लाइसेंस रजिस्ट्रेशन के मामलों में फर्जीवाड़े पर अंकुश लगाने के लिए शासन स्तर पर परिवहन अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। इसके बाद बैतूल परिवहन विभाग ने कड़ा कदम उठाया है। इसके चलते परिवहन अधिकारी अनुराग शुक्ला ने बाहरी राज्यों से आए दिनों भारी वाहनों के सम्बंध में सबसे पहले वाहन सम्बन्धी जानकारी एकत्रित की वाहनों की प्रोफाइल सन्दिग्ध होने के बाद दोनो वाहनों को तत्काल बाहर का रास्ता दिखा दिया।
परिवहन अधिकारी अनुराग शुक्ला के मुताबिक अब बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों का रजिस्ट्रेशन तभी किया जा रहा है, जब वाहन निर्माता कंपनी से मेन्युफेक्चरिंग उसके चेसिस और इंजन नंबर की सत्यापित जानकारी प्राप्त होगी। पूर्व में दो भारी वाहनो (ट्रक) के आवेदन रजिस्ट्रेशन के लिए बैतूल परिवहन कार्यालय में सम्मिट हुए थे। इनमे से एक वाहन हिमाचल प्रदेश और दूसरा वाहन पंजाब से लाया गया था। शुरुआती दौर में ही मामला सन्दिग्ध नजर आ रहा था।
लिहाजा तत्काल वाहन निर्माण करने वाली कम्पनी से सम्पर्क कर इन वाहनों के इंजिन और चेचिस नम्बरो के आधार पर मेन्युफेक्चरिंग के विषय मे जानकारी ली गई। जानकारी मिली कि दोनों ही वाहनों की मेन्युफेक्चरिंग कम्पनी द्वारा नहीं कि गई। डीलरों से सम्पर्क करने पर पता चला कि डीलरशिप पर इन वाहनों को केवल डिमांस्ट्रेशन के लिए रखा गया था। जानकारी मिलने के बाद दोनों वाहन बैरंग लौटा दिए गए हैं। शासन के निर्देशों का सूक्ष्मता और कड़ाई से पालन किया जा रहा है। और बिना जांच पड़ताल के पंजीयन नहीं किये जा रहे हैं।
गौरतलब है कि इस तरह के मामले सामने आने के बाद की गई विभागीय जांच में खुलासा हुआ कि प्रदेश के कई जिलों में अन्य राज्यों, खासतौर से नॉर्थ ईस्ट से लाई गई एनओसी के आधार पर रजिस्टर्ड करीब 150 से अधिक वाहनों के दस्तावेजों में भारी गड़बड़ी पाई गई है। जांच में , 70 ड्राइविंग लाइसेंस फर्जी कागजात के आधार पर बने पाए गए, जिन्हें निरस्त कर दिया है।जिसके बाद शासन स्तर पर ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने से पहले पुलिस वेरिफिकेशन रिपोर्ट अनिवार्य कर दी गई है, ताकि किसी भी तरह के फर्जी दस्तावेजों पर लाइसेंस जारी न हो सके, और फर्जी वाहनो के पँजियनो पर रोक लगाई जा सके।




