Politics : राजनीतिक हलचल: एसडीएम को विदा करने में माननीय को कलेक्ट्रेट में क्यों करना पड़ा दौड़धूप?? पार्टी कार्यालय बनाने मौसम वैज्ञानिक नेता जी के किस टेलेंट की खूब हो रही चर्चा??? नपा अध्यक्ष और मण्डल महामंत्री के बीच आखिर किस बात पर चले तीखे शब्दबाण???? विस्तार से पढ़िए हमारे चर्चित कॉलम राजनीतिक हलचल में…..

एसडीएम को विदा करने माननीय की दौड़-धूप
अपने क्षेत्र के एक एसडीएम को विदा करने के लिए क्षेत्र के माननीय पिछले दिनों कलेक्ट्रेट में खूब दौड़-धूप करते देखे गए। वे कलेक्ट्रेट में पूरे दिन एसडीएम के विकल्प के रूप में जिले में मौजूद डिप्टी कलेक्टर के नाम तलाशते रहे। जानकारी लेने पर उन्हें निराशा तय हुई, जब पता चला कि फिलहाल दो डिप्टी कलेक्टर को अधिक प्रभार नहीं मिला है। हालांकि यह दोनों ही महिला अधिकारी माननीय के क्षेत्र में पहले ही पदस्थ रह चुकी है और उन्हें पॉवर दिखाकर हटा चुके हैं।
माननीय बदलाव को लेकर इतने व्याकुल देखे गए कि कलेक्ट्रेट में वे एक संयुक्त कलेक्टर से ही उनकी पदस्थापना की खोज खबर लेने लग गए। चर्चा है कि माननीय के क्षेत्र में जो एसडीएम गए हैं उनकी खूबी यह है कि न किसी को कुछ कहते हैं और काम किसी का करते नहीं। बस इसी बहाने माननीय तुरूप का इक्का फेंकने की तैयारी में है, लेकिन डिप्टी कलेक्टर की कमी के बाद उनका पैतरा खाली जा सकता है।
कार्यालय के लिए नेताजी का गजब टेलेंट
एक विपक्षी पार्टी जिला मुख्यालय पर अपना कार्यालय बनाने की कवायद शुरू कर चुकी है। इस कवायद में पार्टी के मौसम वैज्ञानिक माने जाने वाले बड़बोले नेता का गजब का टेलेंट नजर आता है। जिस जमीन पर कार्यालय बनाने का समीकरण है, वहां उक्त नेता के करीबियों का लंबे समय से अतिक्रमण चूंकि नेताजी को नई घुसपैठ वाले नए अध्यक्ष के सामने अपनी निष्ठा भी दिखानी है,ऐसे में नेताजी ने नया पाशा फेंकते हुए अध्यक्ष जी को सलाह दे डाली है कि अतिक्रमण हटवाकर कार्यालय बनवाएं।
दूसरी तरफ अपने ही समर्थक दुकानदारों को सलाह दे रहे हैं कि न्यायालय की शरण लो। बताते चले कि इन नेता जी ने पांच साल पहले भी पार्टी की जमीन से अतिक्रमण हटने के बाद एक अन्य पूर्व अध्यक्ष का लेटर पैड लाकर अड़ंगा लगवाया था। नेताजी की खूबी यह है कि समय की नजाकत के साथ उल्टी-सीधी हर तरह की कुलाटी मारकर कहीं पर भी एडजेस्ट हो जाते हैं, इसलिए उन पर कोई भरोसा नहीं करता।
नपा अध्यक्ष- मंडल महामंत्री के बीच चले शब्दबाण
जिले की एक प्रमुख नगरपालिका की महिला अध्यक्ष और हाल ही में पार्टी के मंडल महामंत्री बनाए गए नेता के बीच कुछ दिनों पहले बारिश का पानी घर तक पहुंचने पर तीखी तकरार हो गई। नपा अध्यक्ष प्रसिद्ध नदी के नाम से रखे वार्ड का निरीक्षण करने पहुंची तो यही पर रहने वाले मंडल महामंत्री से उनकी जमकर बहस हो गई। चर्चा है कि नए महामंत्री नपा अध्यक्ष के सामने समस्याओं का पिटारा खोल दिया और कई सुझाव भी दे डाले और नपा पर पूरा ठीकरा फोड़ दिया। इससे महिला नपा अध्यक्ष भी आग बबूला हो गई। उन्होंने नए महामंत्री को ताकीद दे डाली की अपनी वकालत पर ध्यान दे, नपा की काम वह कर लेगी।
नाराज नपा अध्यक्ष ने मौजूद उपयंत्री से महामंत्री के आवास की अनुमति की जांच करने तक के निर्देश दे डाले। इस पर महामंत्री और भड़क गए और उन्होंने क्षेत्रीय विधायक और पार्टी के जिला अध्यक्ष को शिकायत तक करने की धमकी दे डाली है। मामला बढ़ता देख पार्टी और नपा के अमले ने दोनों को शांत करवाया, लेकिन पत्रकारों के सामने हुई इस तू-तू, मैं-मैं ने सत्ताधारी दल में अंर्तकलह को उजागर कर दिया।




