Betul Samachar: प्रदीप कोकाटे-सरदार यादव में से बनेगा युकां का नया अध्यक्ष
Betul News: Pradeep Kokate-Sardar Yadav will become the new president of Youth Congress

दो माह बाद आएंगे परिणाम, एक माह तक चली वोटिंग में युकां चुनाव में पदाधिकारियों के लिए 55 हजार वोट डले
Betul Samachar: बैतूल। लंबी जहद्दोजहद के बाद आखिर युकां में नए पदाधिकारी को चुनने के लिए मतदान की प्रक्रिया पूरी हो गई है। इसके परिणाम लगभग दो माह बाद सामने आएंगे, लेकिन जिले में धड़े में बटी कांगे्रस के अनुसांगिक संगठन युवक कांग्रेस को प्रदीप कोकाटे और सरदार यादव में से नया अध्यक्ष आने वाले समय में मिल जाएगा। इसके बावजूद अभी दावे से नहीं कहा जा सकता है कि कौन अध्यक्ष समेत उपाध्यक्ष, महासचिव, सचिव चुने जाएंगे, लेकिन कुल 55 हजार वोट युवक कांग्रेस के नए पदाधिकारी चुनने के लिए डाले जा चुके हैं। छटनी के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। वैसे पूर्व मंत्री सुखदेव पांसे गुट के प्रदीप कोकाटे की स्थिति मजबूत बताई जा रही है।
युकां में पिछले कुछ माह से नए पदाधिकारियों को चुनने के लिए आनलाइन वोटिंग की प्रक्रिया की चल रही है। इसके लिए वोट डालने वाले को 35 वर्ष की उम्र के साथ 50 रुपए की सदस्यता शुल्क अनिवार्य की गई है। बताया जाता है कि इसके लिए संबंधित का आधार कार्ड लिया जा रहा है।
चूंकि जिले में युकां में भी कांग्रेस की तरह दो गुट की राजनीति चल रही है। लिहाजा दोनों गुटों की तरफ से सदस्यता अभियान में पूरी ताकत लगाई गई थी। कई जगह से शिकायतें भी मिल रही थी कि इस चुनाव में फर्जी वोटर बनाए जा रहे हैं। इसके लिए चर्चा यह भी थी कि कुछ जगह सदस्य बनाने के लिए 50 रुपए के सदस्यता शुल्क पर कई युवाओं को 100 से लेकर 500 रुपए तक दिए गए। इस बात में कितनी सच्चाई है, यह तो देने वाले ही अच्छी तरह से जान सकते हैं, लेकिन फर्जीवाड़े से यदि अध्यक्ष चुना गया तो युवक कांग्रेस की स्थिति भी गुटबाजी के चक्कर में बद से बद्दतर होने से इंकार नहीं किया जा सकता।
एक माह तक चली वोटिंग
बताया जाता है कि युकां में अध्यक्ष-उपाध्यक्ष समेत अन्य पदाधिकारियों के लिए 19 जून से 19 जुलाई तक मतदान की प्रक्रिया चली है। आनलाइन वोटिंग के जरिए 50 रुपए की सदस्यता शुल्क लेने वाले पदाधिकारियों ने अपनी पसंद के नेताओं के लिए वोट डाले हैं। प्रक्रिया में सबसे अधिक वोट लेने वाले पदाधिकारियों को अध्यक्ष, दूसरे नंबर रहे पदाधिकारी को उपाध्यक्ष चुना जाएगा।
इसके बाद क्रमवार कम वोट लेने वाले महासचिव, सचिव एवं अन्य पदाधिकारी चुने जाएंगे। यही वजह है कि युकां में जिला पदाधिकारियों के अलावा युकां के ब्लाक अध्यक्षों के लिए भी जमकर दांव पेंच अजमाए गए हैं। बैतूल, मुलताई, आमला विस अध्यक्ष के लिए सबसे अधिक मारामारी देखी गई। घोड़ाडोंगरी भैंसदेही में भी इसी तरह का रोचक मुकाबला देखने को मिलेगा।
जीतने वाले को लेना होगा 25 से 27 हजार वोट
सूत्र बताते हैं कि जिले में युकां चुनाव के लिए जबरदस्त उत्साह देखा गया। यह चुनाव युकां ने बल्कि पूर्व मंत्री सुखदेव पांसे और पूर्व विधायक निलय डागा के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्रचिन्ह बना हुआ है, इसलिए दोनों गुटों ने सदस्यता अभियान और वोटिंग के लिए जमकर पसीना बहाया है।
एक जानकारी के मुताबिक सदस्यता अभियान के आधार पर पांसे गुट से आमला के कांग्रेस नेता जगदीश कोकाटे के पुत्र प्रदीप कोकाटे के पक्ष में लगभग 29 हजार 600 वोट पड़े हैं। इसी तरह डागा गुट के घोड़ाडोंगरी के युवा नेता सरदार यादव के पक्ष में करीब 25 हजार 400 वोट पड़े हैं। सूत्रों के अनुसार इन वोटों में से आधार कार्ड और अन्य जांच में कई वोट निरस्त भी होंगे। इस लिहाज से प्रारंभिक आंकलन के मुताबिक पांसे गुट के प्रदीप कोकाटे फिलहाल भारी पड़ रहे हैं। हालांकि वास्तविकता दो माह बाद परिणाम आने पर ही स्पष्ट हो पाएगी। इस बीच वोटिंग के आधार पर दोनों गुट अपनी जीत के अलग अलग दावे कर रहे हैं।



