Betul Hospital News: जिला अस्पताल में ऑक्सीजन प्लांट बना पार्किंग स्पॉट, बिल्डिंगों पर उग आए पौधे
Betul Hospital News: Oxygen plant became parking spot in district hospital, plants grew on buildings

प्रदूषण के जरिये ऑक्सीजन की गुणवत्ता पर खतरा, पेड़ पौधों से दीवारे भी असुरक्षित
Betul Hospital News: बैतूल। जिले के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल में अव्यवस्थाएं एक बार फिर उजागर हो रही हैं। अस्पताल परिसर में लंबी-चौड़ी पार्किंग सुविधा होने के बावजूद, ऑक्सीजन प्लांट परिसर का इलाका अस्थायी पार्किंग स्पॉट में तब्दील हो चुका है। प्लांट के भीतर बड़ी संख्या में दोपहिया और चारपहिया वाहन खड़े आसानी से देखे जा सकते हैं। यह स्थिति न केवल अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करती है, बल्कि ऑक्सीजन की गुणवत्ता पर भी खतरा उत्पन्न कर सकती है। इधर जिस तरह से अस्पताल की बिल्डिंगों पर पेड़ पौधे उग रहे हैं वह भी भविष्य में भवन की दीवारों के लिए खतरा बन सकती हैं। जिन्हें समय रहते हटाना भी जरूरी है।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार ऑक्सीजन प्लांट परिसर में बड़ी संख्या में कर्मचारियोंं के दोपहिया और चौपहिया वाहन पार्क होते हैं। यहां खड़ा एक महंगा थार वाहन क्रमांक एमपी/13-जेड एस-4654 अस्पताल में पदस्थ सहायक मैनेजर शिवेंद्र अंबुलकर का बताया जा रहा है। यह वहीं मैनेजर हैं, जिन्हें हाल ही में उज्जैन पुलिस दुष्कर्म के आरोप में अस्पताल से गिरफ्तार कर अपने साथ ले ले गई है।
कर्मचारियों द्वारा ऑक्सीजन प्लांट परिसर का निजी पार्किंग स्थल के रूप में इस्तेमाल किए जाने की बात सामने आने के बाद विशेषज्ञों का मानना है कि वाहनों से निकलने वाला धुआं और प्रदूषण ऑक्सीजन प्लांट में तैयार होने वाली ऑक्सीजन की शुद्धता को प्रभावित कर सकता है, जो गंभीर स्वास्थ्य जोखिम पैदा कर सकता है, क्योंकि यह ऑक्सीजन सीधे गम्भीर मरीजों के स्वास्थ्य के लिए उपयोग में लाई जाती है। विशेषज्ञों के मुताबिक ऑक्सीजन की शुद्धता बरकरार रखने के लिए प्लांट को संक्रमण मुक्त रखा जाना बेहद आवश्यक है।

नहीं हटाए पौधे तो दीवारें होंगी क्षतिग्रस्त
जिलाअस्पताल में अव्यवस्था का आलम यह है कि करोड़ों रुपए की लागत से बनी अस्पताल की इमारतों के पिछले हिस्से में भी रखरखाव की कमी साफ झलक रही है। बिल्डिंग की दीवारों और छतों पर पौधे उगने लगे हैं। प्रबंधन की अनदेखी के कारण इन पौधों का फैलाव लगातार बढ़ रहा है। वास्तु विशेषज्ञों के अनुसार, समय रहते इन पौधों को न हटाया गया तो जड़ों के फैलाव से दीवारों और छतों में दरारें भी आ सकती हैं, जिससे भवन की संरचना कमजोर हो जाएगी और भविष्य में भारी मरम्मत की आवश्यकता पड़ेगी।
मरीज और सुरक्षा को लेकर कटघर में प्रबंधन
अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थान पर इस तरह की लापरवाही प्रशासनिक जिम्मेदारी पर सवाल उठाती है। यहां मरीजों के इलाज और सुविधा सर्वोपरि होनी चाहिए, लेकिन पार्किंग, रखरखाव और सुरक्षा जैसे बुनियादी पहलुओं की अनदेखी से यह स्पष्ट है कि प्रबंधन का ध्यान इन मामलों पर पर्याप्त रूप से नहीं है। अगर समय रहते इन खामियों को दूर नहीं किया गया तो न केवल अस्पताल की संपत्ति को नुकसान होगा, बल्कि मरीजों की जान भी जोखिम में पड़ सकती है।
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग को इस मामले में त्वरित कार्रवाई कर, ऑक्सीजन प्लांट क्षेत्र को पूरी तरह सुरक्षित और वाहन मुक्त करना चाहिए। साथ ही, बिल्डिंगों पर उग आए पौधों को तुरंत हटाकर नियमित रखरखाव की व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए, ताकि अस्पताल की संरचना और मरीजों की सुरक्षा दोनों सुरक्षित रह सकें।
इनका कहना…
पार्किंग की व्यवस्था के लिए आर्किटेक्ट से चर्चा की गई है, पार्किंग पूरी तरह व्यवस्थित किए जाने की योजना पर काम किया जा रहा है, भवन की दीवारों पर उगे पौधे तत्काल हटाएं जाएंगे।
डॉ. जगदीश घोरे, सिविल सर्जन जिला अस्पताल बैतूल




