Betul Politics News : कौनसे साहब ने अवसर की तलाश तेज की?? छुट्टी पर गए सबइंस्पेक्टर को आखिर क्यों ले जाना पड़ा सुसाईड नोट साथ मे??जुए की जब्त रकम को लेकर क्यों उठ रहे सवाल??? पढ़िए हमारे चर्चित कॉलम प्रशासनिक कोना में…..
Betul Politics News: Which sir intensified the search for opportunity?? Why did the sub-inspector, who was on leave, have to take the suicide note with him? Why are questions being raised regarding the seized gambling money??? Read our popular columns in the administrative corner...

Betul Politics News : अवसर की तलाश में साहब- एक निकाय के दो नंबर की हैसियत रखने वाले साहब अगले माह रिटायर हो रहे है। जैसे-जैसे उनका रिटायरमेंट करीब आ रहा है, उनकी चर्चा भी जमकर हो रही है। साहब अवसरों को तलाशने के लिए अपने मातहमों से कोई मौका नहीं गवाने की हिदायत दे चुके है। एक माह में जितनी हो सके, उतनी मंडावली के लिए शिंकजा कस रखा है। फाईलों से लेकर अन्य मामलों में भी धूल खा रही फाईल अब तेजी से दौड़ रही है। कहीं न कहीं साहब का निजी स्वार्थ इसमें छिपा हुआ है। साहब की काम करने की गति तेज होने से कर्मचारी भी चुटकी लेने से नहीं चुक रहे है। देखना यह है कि रिटायरमेंट के पहले साहब किन मामलों में कैसे अवसर तलाशते है।
छुट्टी साहब सुसाइड नोट भी ले गए (Betul Politics News)
एक थाने के उपनिरीक्षक आत्महत्या मामले में सुसाइड नोट अवकाश पर जाने के दौरान अपने साथ लेकर चले गए। बस फिर क्या था, मामले की जांच लंबी खींच गई। एक थाने के पटरी पार में निवास करने वाले युवक ने कुछ दिनों पहले फांसी पर झूलकर आत्महत्या कर ली। उसकी जेब से एक सुसाइड नोट भी मिला। पुलिस ने सुसाइड नोट जांच में लिया, लेकिन सभी से दूरी बनाकर रखी। इसी बीच परिजनों ने सुसाइड नोट के आधार पर संबंधितों के खिलाफ प्रताड़ना के आरोप लगाकर एफआईआर की मांग की तो पुलिस के अधिकारियों ने हवाला दे डाला की जांच करने वाले उपनिरीक्षक अवकाश पर गए हैं, उनके पास ही सुसाइड नोट है। यानी जांच अधिकारी सुसाइड नोट भी अपने साथ लेकर जाने लगे हैं। खबर है कि इस मामले में पुलिस ने जमकर मंडावली कर डाली। इसलिए मामला रफा-दफा की चर्चा भी जोरों पर है। कुल मिलाकर कहा जा रहा है कि कप्तान को थाना प्रभारी चुटकियों में घूमा फिराकर नया मापदंड तय कर दे रहे हैं, इस तरह के मामले जांच में उलझकर रह जाते हैं। (Betul Politics News)
रकम जब्ती को लेकर आखिर चर्चा क्यों? (Betul Politics News)
पिछले दिनों बैतूल की एक स्क्वायड ने मालदार अनुविभाग के थाना क्षेत्र में जुएं की फड़ पर देर रात छापा मारा। इस छापे का लब्बोलुआद सामने आया है कि पुलिस स्थानीय टीम के साथ एक दर्जन से अधिक जुआरी, इतने ही बाइक और एक फोरव्हीलर पकड़ी है। यह बात किसी के गले इसलिए नहीं उतर रही, क्योंकि फोरव्हीलर और टूव्हीलर के हिसाब से जुआरियों की संख्या कम थी तो जब्त की गई रकम पर भी सवाल उठाए गए। यह इसलिए लाजमी था कि रात के अंधेरे में महज 43 हजार की राशि जब्त करना किसी के गले नहीं उतर रही। सोशल मीडिया पर लोग प्रतिक्रिया दे रहे हैं कि जुआरी आधी रात में चने की भाजी और मक्के की रोटी खाने गए थे या पिकनिक मनाने। लोगों का तर्क भी झन्नाटेदार कहा जा सकता है।




