Betul Samachar: कांग्रेस में शिकायत पर नहीं होती थी सुनवाई, परिजनों के कहने पर की भाजपा ज्वाईन, मुन्ना मानकर की अनसुनी कहानी, पार्टी के लिए जो बन पड़ेगा करेंगे

Betul Samachar: There was no hearing on the complaint in the Congress, on the insistence of the family members, they joined the BJP, the unheard story of the Munna Mankar, will do whatever it takes for the party

Betul Samachar: कांग्रेस में शिकायत पर नहीं होती थी सुनवाई, परिजनों के कहने पर की भाजपा ज्वाईन, नेता मुन्ना मानकर की अनसुनी कहानी, पार्टी के लिए जो बन पड़ेगा करेंगेBetul Samachar: (बैतूल)। कुन्बी समाज का धाकड़ चेहरा और कांग्रेस से उपकृत होकर एल्डरमेन रह चुके युवा नेता मुन्ना मानकर ने भाजपा में ज्वाईनिंग कई मायने में महत्वपूर्ण कही जा सकती है। ऐसा इसलिए कहा जा रहा है, क्योंकि वे राजनीति में अधिक सक्रिय नहीं थे, लेकिन सामाजिक दायित्वों के साथ लोगों के जुड़ाव के कारण किसी भी पार्टी के लिए अहम रोल अदा कर सकते है। कुन्बी समाज का एक बड़ा चेहरा होने के बावजूद कांग्रेस के शीर्ष पदाधिकारी उन्हें भुना नहीं पाए। भले ही मुन्ना अपने पिता की भाजपाई विरासत को आगे बढ़ाने के लिए पार्टी ज्वाईन करने की बात कह रहे, लेकिन अंदरखाने की खबर चीख-चीखकर यही कह रही है कि आपसी मनमुटाव और शिकवे शिकायत से दुखी होकर कांग्रेसी विचारधारा के इस कुन्बी समाज के बड़े चेहरे को पार्टी से मोह भंग होकर भाजपा का दामन थामने के लिए मजबूर होना पड़ा है।

राजनीतिक जानकार मुन्ना की भाजपा में धमाकेदार एंट्री को कई मायनों में महत्वपूर्ण मान रही है। बकौल मुन्ना राजनीति में उनकी इतनी रूचि नहीं थी, लेकिन विचारधारा से जुडऩे के बाद कांग्रेस से जुड़ा रहा। चुनाव के समय पार्टी के लिए हर स्तर पर मदद भी की, लेकिन अपने ही लोग छोटे-छोटे मामलों में शिकायत कर रहे थे, इसलिए मन दुखी भी था। हालांकि इसे वे बड़ा मामला नहीं मानते। उनका मानना है कि सक्रिय राजनीति से वे कोसो दूर थे, लेकिन कारोबार पर अधिक ध्यान देते थे। उन्होंने एक बात जरूर कही कि कांग्रेस ने जब एल्डरमेन बनाया तब इसी पार्टी के प्रति निष्ठा थी। प्रयास भी किया था कि निष्ठावान कार्यकर्ता की तरह पार्टी का साथ दूं, पर जिस तरह का माहौल यहां निर्मित किया गया, इससे मन को ठेस पहुंची और आत्म सम्मान के लिए दूसरा निर्णय लेने को मजबूर होना पड़ा।

माता की सलाह को आत्मसात किया मुन्ना ने सांझवीर टाईम्स को बताया कि उनके स्वर्गीय पिता रामरावजी मानकर पुराने जनसंघी थे। वे सेहरा से ही कुछ मर्तबा सरपंच का चुनाव लड़ चुके है। परिवार की आस्था भी शुरू से ही भाजपा से जुड़ी हुई थी। इसके बावजूद वे अपनी अलग राह चलते रहे, लेकिन माताजी की इच्छा थी कि वे अपने पिता की राह पर चले। बस माता की बात आत्मसात करने के लिए उन्होंने पिता की राह पर चलने का संकल्प लिया और भाजपा ज्वाईन की है। उन्होंने बताया कि वर्ष 1980 में पिता का साया उठ गया था। माताजी ने संभाला और उन्हीं के आदेश-निर्देश का पालन करते हुए पिता की पुरानी पार्टी ज्वाईन की है।

मुन्ना के मुताबिक आज भी माता को जनसंघी होने के कारण पेंशन भी मिल रही है। पार्टी जो दायित्व सौंपेगी करूंगा पूरा 200 कार्यकर्ताओं के साथ 40 वाहनों के काफिले से भोपाल पहुंचकर दिग्गजों की मौजूदगी में भाजपा ज्वाईन करने वाले मुन्ना मानकर का कहना है कि अब भाजपाई उनकी मातृ पार्टी है। संगठन जो भी जिम्मेदारी और निर्देश देगा, उसे शिद्दत से पूरा करना प्राथमिकता रहेगी। उन्होंने बताया कि विधानसभा चुनाव में भी पार्टी जो भी निर्देश दे, तन-मन-धन से पूरा करने का प्रयास करूंगा।

Ankit Suryawanshi

मैं www.snewstimes.com का एडिटर हूं। मैं 2021 से लगातार ऑनलाइन न्यूज पोर्टल पर काम कर रहा हूं। मुझे कई बड़ी वेबसाइट पर कंटेंट लिखकर गूगल पर रैंक कराए हैं। मैने 2021 में सबसे पहले khabarwani.com, फिर betulupdate.com, sanjhveer.com, taptidarshan.com, betulvarta.com, yatharthyoddha.com पर काम करने का अनुभव प्राप्त हैं।इसके अलावा मैं 2012 से पत्रकारिता/मीडिया से जुड़ा हुआ हूं। प्रदेश टुडे के बाद लोकमत समाचार में लगभग 6 साल सेवाएं दीं। इसके साथ ही बैतूल जिले के खबरवानी, प्रादेशिक जनमत के लिए काम किया।

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