Betul Samachar: Video: 15 किलोमीटर दूर से शहर में सैकड़ों लीटर महुआ शराब की सप्लाई

दिन-रात चल रही भट्टियां, वायरल वीडियो दे रहा गवाही, फिर भी आबकारी विभाग को भनक नहीं
Betul Samachar: बैतूल। शहर से महज 15 किलोमीटर दूर स्थित ग्राम भयावाड़ी इन दिनों अवैध महुआ शराब के उत्पादन और सप्लाई का बड़ा केंद्र बनता जा रहा है। ग्रामीणों और सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार गांव में खुलेआम महुआ शराब बनाने का कारोबार लंबे समय से संचालित हो रहा है, लेकिन अब इसका दायरा इतना बढ़ गया है कि रोजाना सैकड़ों लीटर शराब शहर और आसपास के गांवों तक पहुंचाई जा रही है।
इससे क्षेत्र में कानून व्यवस्था और स्वास्थ्य सुरक्षा दोनों को लेकर चिंता बढ़ने लगी है। आबकारी विभाग के कुछ अधिकारियों को इस संबंध में जानकारी दी गई, लेकिन उन्होंने ध्यान नहीं दिया। नतीजा यह हुआ कि शहर में भयावाड़ी से रोजाना बड़े पैमाने पर महुआ शराब लाकर बेची जा रही है। भयावाड़ी में शराब बनाने का वायरल वीडियो आबकारी विभाग की पोल खोलने के लिए काफी कहा जा सकता है।
सूत्रों के मुताबिक गांव निवासी भिखारी और उसका पुत्र रूपेश इस अवैध कारोबार में प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं। बताया जा रहा है कि निजी खेत में दो बड़ी भट्टियां लगाकर 24 घंटे महुआ शराब तैयार की जा रही है। प्रतिदिन लगभग 250 से 300 लीटर तक कच्ची शराब बनाई जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि रात के समय भट्टियों से उठने वाला धुआं और तेज गंध दूर तक महसूस की जा सकती है, लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई बड़ी कार्रवाई नहीं हुई है।
दोपहिया वाहनों से हो रही सप्लाई
जानकारी के अनुसार तैयार शराब को दोपहिया वाहनों के माध्यम से शहर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में पहुंचाया जा रहा है। सदर, सोनाघाटी, कोसमी, भडूस, डहरगांव और महद गांव सहित कई इलाकों में रोजाना इसकी सप्लाई की जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सुबह और शाम के समय बाइक सवार शराब लेकर लगातार गांव से निकलते देखे जा सकते हैं। इस अवैध कारोबार के कारण युवाओं में नशे की लत बढ़ने की आशंका भी जताई जा रही है।
शिकायत के बाद भी कार्रवाई पर सवाल
बताया जा रहा है कि गांव के कुछ जागरूक लोगों ने पूरे मामले की शिकायत सीएम हेल्पलाइन पर भी की है। हालांकि शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि उन्हें शिकायत वापस लेने के लिए दबाव बनाया जा रहा है और कहा जा रहा है कि ‘एक-दो दिन में कार्रवाई हो जाएगी। इससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
शराब ठेकेदारों को भी तगड़ा नुकसान, फिर भी चुप्पी
चौकाने वाली बात यह है कि अवैध शराब के इस कारोबार से शासन को राजस्व हानि होने के साथ वैध शराब कारोबारियों को भी बड़ा नुकसान उठाना पड़ रहा है। करोड़ों के ठेके लेने वाले लाइसेंसी ठेकेदारों का कहना है कि सस्ती कच्ची शराब के कारण उनके व्यापार पर सीधा असर पड़ रहा है। हालात यह है कि वे कच्ची शराब बेचने की जानकारी ठेकेदार को होने के बावजूद आबकारी शिकायत तक नहीं की गई है। यही वजह है कि भयावाड़ी के खेतों में रात के अंधेरे में बड़े पैमाने पर कच्ची शराब बनाकर बैतूल तक बेची जा रही है। मामले की जानकारी मिलने पर आबकारी विभाग के अधिकारियों ने जांच और कार्रवाई का भरोसा दिया है।
इनका कहना….
गांव में कच्ची महुआ शराब का उत्पादन हो रहा है तो अधीनस्थ अधिकारियों को निर्देशित कर सख्त कार्यवाही कराई जाएगी।
डॉ अंशुमान सिंह चढार, जिला आबकारी अधिकारी, बैतूल
हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए कृपया इस लिंक पर क्लिक करें
👇https://chat.whatsapp.com/KWRuTRhIWoXDiwhdwiCm29?mode=gi_t
बैतूल जिले की ताजा खबरें (Hindi News Madhyapradesh) अब हिंदी में पढ़ें| Trending और Viral खबरों के लिए जुड़े रहे snewstimes.com से| आज की ताजा खबरों (Latest Hindi News) के लिए सर्च करें snewstimes.com




