Betul News: अजाक मंत्री विजय शाह के अचानक बैतूल पहुंचने से गरमाई राजनीति
Betul News: Politics heated up after Ajak Minister Vijay Shah suddenly reached Betul

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष से निवास पर मुलाकात, हरदू पहुंचकर कुलदेवी की भी की पूजा अर्चना
Betul News: बैतूल। कर्नल सोफिया कुरैशी पर बयान देकर विवादों में घिरे में प्रदेश के आदिम जाति कल्याण मंत्री कुंवर विजय शाह बीती रात 2 बजे अचानक बैतूल पहुंचे। उनके आगमन पर कोई शासकीय कार्यक्रम भी नहीं था। हालांकि भाजपा संगठन को मंत्री के आने की जानकारी मिली थी। इसी वजह भाजपा नेता अतीत पवार और दीपू सलूजा ने देर रात उनकी सर्किट हाउस में उनकी अगुवानी की। खबर है कि प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंंत खंडेलवाल के बैतूल आगमन पर उनसे मिलने पहुंचे थे, लेकिन कार्यक्रम की व्यवस्तता के बीच उन्हें काफी इंतजार करना पड़ा। करीब पंद्रह मिनट उनकी प्रदेश अध्यक्ष से चर्चा की भी खबर है। इसके बाद वे चिचोली के पास अपनी आराध्य कुलदेवी झूलेवाली माता के दर्शन के लिए भी पहुंचे। उनके अचानक बैतूल आगमन से राजनीतिक चर्चा जोर पकड़ रही है।
महू में प्रदेश सरकार के मंत्री ने कर्नल सोफिया पर बयान देकर विवादों को जन्म दिया था। इसके बाद से लंबे समय से राजनीति से दूर रहे। कुछ समय पहले ही वे सुप्रीम कोर्ट से कुछ राहत मिलने के बाद पार्टी के कार्यक्रमों में दिखाई दे रहे हैं। इस बीच गुरुवार-शुक्रवार की दरम्यानी रात शाह 2 बजे सड़क मार्ग से बैतूल पहुंचे। उनके आगमन का शासकीय कार्यक्रम प्रशासन की ओर से जारी नहीं किया था। खबर है कि भाजपा संगठन के उनके आने की जानकारी मिली थी। इसी वजह जिला अध्यक्ष सुधाकर पवार की ओर से रात 2 बजे सर्किट हाउस पहुंचने पर भाजपा के जिला मंत्री अतीत पवार और सहकोषाध्यक्ष दीपू सलूजा ने उनका स्वागत किया। इसके बाद उन्होंने रात्रि सर्किट हाउस में विश्राम किया, लेकिन दूसरे दिन सुबह अधिकांश समय सर्किट हाउस में ही बिताया। वे किसी कार्यक्रम में भी शामिल नहीं हुए।

प्रदेश अध्यक्ष से मिलने के लिए घंटों इंतजार
जानकार लेकिन अपुष्ठ सूत्र बताते हैं कि किसी मामले में गहन चर्चा के लिए ही मंत्री शाह देर रात बैतूल पहुंचे थे। चूंकि इसी दिन प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल का अपने गृह नगर में कई कार्यक्रमों में शामिल होने का कार्यक्रम था। सूत्र बताते हैं कि तय कार्यक्रम के बाद ही शाह प्रदेश अध्यक्ष खंडेलवाल से मिलने बैतूल पहुंचे थे। चूंकि प्रदेश अध्यक्ष का शुक्रवार व्यस्त कार्यक्रम था, इसलिए मंत्री शाह की सुबह से लेकर दोपहर तक मुलाकात नहीं हो पाई। कालेज के एक कार्यक्रम से निकलने के बाद प्रदेश अध्यक्ष के निवास पर इंतजार कर रहे मंत्री शाह से प्रदेश अध्यक्ष की चर्चा हुई। हालांकि चर्चा किस मुद्दों पर हुई है, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है, लेकिन मंत्री शाह के अचानक बैतूल पहुंचकर प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात के कई राजनीतिक मायने निकाले जा रहे हैं।
अहिल्या होल्कर की जीवनी पाठ्यपुस्तकों में शामिल करना अच्छी पहल
बैतूल पहुंचे मंत्री शाह ने इस दौरान चुनिंदा पत्रकारों से अनौपचारिक चर्चा में कहा कि माता अहिल्या बाई होल्कर जिनका पूरा जीवन चरित्र हमारे लिए समाज के लिए किसी धर्म ग्रंथ से कम नहीं है। आधुनिक समाज में अपने क्रियाकलापों – न्याय व्यवस्था से हमारे देश और प्रदेश को जो एक मार्ग दिखाया, हमारे मुख्यमंत्री, हमारी सरकार ने न केवल वहां जाकर केबिनेट की बैठक की उनके आदर्शों को उनके चरित्रों को उनके समाज को दिए गए वक्तव्यों को जन जाग्रति के रूप में समाज में लाने का प्रयास ही नहीं किया, बल्कि आने वाले समय में पाठ्य पुस्तकों में भी शामिल करने की घोषणा की है।
उन्होंने पत्रकारों से चर्चा करते कहा कि मैं मध्यप्रदेश की समस्त जनता की तरफ से आदिवासी समाज की ओर से मुख्यमंत्री को धन्यवाद देता हूं कि ऐसे महापुरुषों का जीवन चरित्र आने वाली पीढ़ियों को पढ़ाएंगे। निश्चित ही आने वाले बच्चों को समाज के अच्छे मार्गदर्शक महापुरुषों के जीवन चरित्र पढ़कर के आगे बढ़कर समाज का मार्गदर्शन करने में सहयोगी सिद्ध होंगे । इसके बाद वे अपनी कुलदेवी झूलेवाली माता मंदिर भी पहुंचे।




