Betul Samachar: अब शिशु रोग विशेषज्ञ का तबादला, बिगड़ेंगे हालात
Betul News: Now the pediatrician has been transferred, the situation will worsen

एक मात्र डॉक्टर के भरोसे जिला अस्पताल के शिशु वार्ड की व्यवस्था
Betul Samachar: बैतूल। स्वास्थ्य विभाग में हुए स्थानांतरण के बाद कई जगह स्थितियां बिगड़ते दिखाई दे रही है। जिला अस्पताल के शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. आशीष ठाकुर का स्थानांतरण घोड़ाडोंगरी स्वास्थ्य केन्द्र कर दिया है। इनके स्थानांतरण के बाद जिला अस्पताल में एक मात्र शिशु रोग विशेषज्ञ डॉक्टर रह गये है। ऐसे में जिला अस्पताल के हालात और बिगड़ सकते है। एक डॉक्टर के भरोसे जिला अस्पताल को संचालित नहीं किया जा सकता। डॉ. ठाकुर का स्थानांतरण तो हो गया, लेकिन इनके स्थान पर नए शिशु रोग विशेषज्ञ की पदस्थापना नहीं हुई है।
जानकारी के मुताबिक जिला अस्पताल में दो शिशु रोग विशेषज्ञ थे, जिसमें डॉ. आशीष ठाकुर और डॉ. सुरेन्द्र कुश्वाह शामिल है। इसमें से डॉ. ठाकुर का स्थानांतरण घोड़ाडोंगरी कर दिया गया। उनके स्थान पर नए डॉक्टर नहीं आए है। शिशु रोग विशेष के स्थानांतरण के बाद अब एक डॉक्टर के भरोसे एसएनसीयू, पीआईसीयू और बच्चा वार्ड की जवाबदारी आ गई है। एक डॉक्टर होने की स्थिति में उक्त डॉक्टर की नाईट ड्यूटी लगाई तो दिन में इन वार्डों में उपचार के लिए कोई डॉक्टर नहीं रहेगा। ऐसे में बच्चों के उपचार के लिए परिजन परेशान हो सकते है।
हालाकि अभी डॉ. ठाकुर को रिलीव नहीं किया गया है, अगर इन्हें रिलीव किया जाता है तो अस्पताल की स्वास्थ्य सेवा बेपटरी हो जाएगी। एक डॉक्टर के भरोसे तीन-तीन वार्ड एक साथ संचालित नहीं किए जा सकते और ना ही एक डॉक्टर से दिन और रात काम करवाया जा सकता है। डॉक्टरों की कमी को देखते हुए इनका स्थानांतरण होना ही नहीं था लेकिन जबरन ट्रांसफर होने के कारण अस्पताल के हालात बिगड़ सकते है।
एसएनसीयू की जवाबदारी दो डॉक्टरों के भरोसे
जानकारी के मुताबिक गहन चिकित्सा ईकाई यूनिट में दो शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. अनवर और डॉ. आयुष है। इन डॉक्टरों की ड्यूटी पीआईसीयू बच्चा वार्ड में नहीं लगाई जाती। इन डॉक्टरों को केवल एसएनसीयू की महत्वूर्ण जिम्मेदारी दी है। डॉ. ठाकुर पीआईसीयू, बच्चा वार्ड से लेकर एसएनसीयू तक की जिम्मेदारी संभाल रहे थे, लेकिन उनका तबादला कर दिया गया है। शिशु रोग विशेषज्ञ का तबादला होने के कारण अस्पताल प्रशासन भी सख्ते में है। दूसरे डॉक्टर नहीं होने के कारण उपचार संबंधित परेशानी खड़ हो जाएगी।
इनका कहना….
शिशु रोग विशेषज्ञ का तबादला होने से बच्चा वार्ड में उपचार के लिए एक मात्र डॉक्टर रह गए है, ऐसे में परेशानी खड़ी होगी। इस संबंध में जनप्रतिनिधि और सीएमएचओ से चर्चा करेंगे।
डॉ. जगदीश घोरे, सिविल सर्जन, जिला अस्पताल बैतूल




