Prashasnik Kona: प्रशासनिक कोना: किस प्रभारी ईई की चहेते ठेकेदार पर मेहरबानी से बढ़ा रोष?? साहब के धूप प्रेम के क्या है मायने??? किस विभाग के रिटायर कर्मचारी बाबूराज से परेशान???? विस्तार से पढ़िए हमारे चर्चित कॉलम प्रशासनिक कोना में…..
Prashasnik Kona: Administrative Corner: Which EE in-charge's favorite contractor showed anger due to his kindness?? What is the meaning of sir's love for sunshine???

प्रभारी ईई की ठेकेदार पर मेहरबानी
निर्माण कार्य से जुड़े एक एसडीओ को पड़ोस के ही विभाग के ईई का प्रभार मिलने को लंबा समय हो गया है। इसके बाद वे फीलगुड महसूस कर रहे हैं। पुराने अनुभव का प्रभार वाले विभाग में जमकर फायदा उठाते हुए एक खास ठेकेदार पर अधिक मेहरबानी दिखाकर वे जनप्रतिनिधियों से नाराजगी मोल ले चुके हैं। चर्चा है कि जनप्रतिनिधियों की नाराजगी भी इस मामले में सामने आने के बाद दूसरे ठेकेदार भी मोर्चा खोल चुके हैं।
दूसरे ठेकेदारों का कहना है कि ईई के चहेते ठेकेदार को कई तरह की छूट मिल रही है। उन्होंने अपने महातमों को निर्देश दे चुके हैं कि उनके किसी भी काम की फाइल न रोकी जाए। भुगतान की बात भी सामने आती है तो सबसे पहले ठेकेदारा को ही अवसर मिलना है। इस मामले में क्षेत्रीय विधायक को भी अन्य ठेेकेदारों ने साहब की करतूत बताई है, लेकिन अब तक कोई एक्शन नहीं होने से दूसरे ठेकेदार खासे मायूस है।
साहब का धूप से पे्रम
जाड़े के मौसम में सुनहरी धूप से किसे प्यार नहीं होगा। यूनिफार्म वाले विभाग में एक बड़े साहब अपना पहली मंजिल पर स्थित दफ्तर इन दिनों गुनगुनाती हुई धूप में लगा रहे हैं। जब भी मौसम में ठंडक घुलती है, साहब टेबल और कुर्सियां लेकर अपने माहतमों से बाहर लगवाकर आम लोगों की समस्या भी अपने परिसर में आसानी से सुनते हैं। पिछले कुछ सप्ताह से मंगलवार को होने वाली जनसुनवाई भी पूरे 2 घंटे वे धूप में लगाकर खुद के साथ आम लोगों को ठंड से बचाने का प्रयास कर रहे हैं।
साहब के इस बदले अंदाज से माहतमों को भी इसी बहाने धूप का आनंद उठाने का मौका मिल जा रहा है। दर्जनों अधिकारी-कर्मचारी साहब के बाहर दरबार लगाने से खासे खुश नजर आ रहे हैं।
रिटायर कर्मचारी बाबूराज से परेशान
वर्दी वाले विभाग में रिटायर कर्मचारी दफ्तर की व्यवस्था से खासे नाखुश है। दरअसल रिटायर कर्मचारी यहां के बाबूराज से इतने परेशान है कि रिटायर होने के बाद भी उन पर रिकवरी निकाल डाली। रिकवरी कहां से निकली, इस बात की जानकारी नौकरी करते समय किसी ने नहीं कहीं, लेकिन रिटायर होते ही तथाकथित बाबूराज ने रिकवरी का नोटिस जारी कर परेशानी में डाल दिया।
रिटायर कर्मचारी अपनी पीड़ा चाहकर भी किसी को नहीं बता पा रहे हैं। यदि अपनी पीड़ा बताई तो बाबूराज और अधिक नुकसान कर उन्हें परेशान कर सकता है। करीब एक दर्जन कर्मचारी विभाग के बाबूराज से परेशान दिखाई दे रहे हैं।




