Betul News: 500 बेड के संचालन की तैयारी तेज, मेडिकल कॉलेज से पहले जिला अस्पताल में व्यवस्थाएं सुदृढ़ करने की कवायद

Betul News: बैतूल (सांझवीर टाईम्स)। जिले को मेडिकल कॉलेज की सौगात मिलने के बाद स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को मजबूत करने की दिशा में प्रशासनिक स्तर पर तेजी से काम शुरू हो गया है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं बैतूल विधायक हेमन्त खण्डेलवाल के प्रयासों से स्वीकृत मेडिकल कॉलेज के निर्माण में भले ही तीन से चार वर्ष का समय लगना संभावित हो, लेकिन जिला अस्पताल प्रबंधन ने अभी से भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ करने की कवायद प्रारंभ कर दी है। लक्ष्य यह है कि मेडिकल कॉलेज शुरू होते ही जिलेवासियों को बेहतर और आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं बिना किसी व्यवधान के मिल सकें।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक वर्तमान में जिला अस्पताल में लगभग 300 बेड संचालित हैं। इन्हीं के अनुरूप स्टाफ, बजट और दवाइयों का कोटा निर्धारित है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार 300 बेड के संचालन के लिए करीब 60 कर्मचारियों का मेनपावर वर्तमान में कार्यरत है। हालांकि मेडिकल कॉलेज प्रारंभ होने के बाद स्वाभाविक रूप से मरीजों की संख्या और उपचार की मांग में वृद्धि होगी। अनुमान है कि बेडों की संख्या बढक़र 600 तक पहुंच सकती है। ऐसे में स्टाफ की संख्या भी लगभग 110 या उससे अधिक करना आवश्यक होगा, ताकि मरीजों को गुणवत्तापूर्ण उपचार मिल सके।
चरणबद्ध तरीके से विस्तार किए जाने की योजना पर चल रहा काम
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, मेडिकल कॉलेज शुरू होने से पहले ही जिला अस्पताल में बेडों की संख्या 300 से बढ़ाकर 475 से 500 तक करने की योजना पर काम चल रहा है। इसका उद्देश्य यह है कि स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की प्रक्रिया चरणबद्ध तरीके से पूरी की जाए और अचानक बढऩे वाले दबाव से अस्पताल की व्यवस्था प्रभावित न हो। इसके साथ ही नर्सिंग स्टाफ, वार्ड बॉय, तकनीकी कर्मचारी और विशेषज्ञ डॉक्टरों की आवश्यकता का आकलन भी किया जा रहा है।
दवाइयों के कोटे और बजट पर भी है नजर
जानकारी मिली है कि, इसमें कुछ व्यवस्थाएं कॉलेज प्रबंधन द्वारा तथा कुछ शासन स्तर पर सुनिश्चित की जाएंगी। ऐसे में वित्तीय प्रबंधन भी एक महत्वपूर्ण पहलू रहेगा। वर्तमान बजट 300 बेड के हिसाब से निर्धारित है, लेकिन बेडों की संख्या बढऩे के साथ दवाइयों, उपकरणों और अन्य संसाधनों का बजट भी बढ़ाना पड़ेगा। मरीजों की संख्या में वृद्धि को देखते हुए दवाइयों का कोटा बढ़ाना भी अनिवार्य होगा। जिला अस्पताल प्रबंधन और जनप्रतिनिधियों का प्रयास है कि मेडिकल कॉलेज के संचालन के समय किसी प्रकार की प्रशासनिक या संसाधन संबंधी बाधा सामने न आये ताकी मेडिकल कालेज शुरू होते ही जिलेवासियों को बिना किसी व्यवधान के बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की जा सकें।
इनका कहना…
मेडिकल कॉलेज के सफल संचालन और नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए हर पहलू पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। आवश्यक संसाधनों की पूर्ति और व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। यदि सभी तैयारियां समयबद्ध ढंग से पूरी होती हैं, तो आने वाले वर्षों में बैतूल जिला न केवल बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का केंद्र बनेगा, बल्कि आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को भी उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।
डॉ. जगदीश घोरे
सिविल सर्जन, जिला अस्पताल बैतूल




