Vedanti Maharaj: वेदांती महाराज के मुखारबिंद से राम कथा का रसपान नहीं कर पाएंगे जिले के श्रोता

महाराज के निधन से पूरे देश में शोक की लहर
Vedanti Maharaj: बैतूल। देश के प्रख्यात संत और श्रीराम जन्म भूमि आंदोलन में अग्रणी भूमिका निभाने वाले पूर्व सांसद डॉ राम विलास वेदांती के निधन से पूरा देश शोकमग्न है। आगामी 19 दिसंबर से महाराज के मुखारबिंद से जिले के श्रोताओं को 25 दिसंबर तक ओपन आडिटोरियम में राम कथा सुनने का अवसर मिलने वाला था, लेकिन उसके पहले ही उनके निधन की खबर मिलते ही न सिर्फ आयोजन करने वाले बल्कि कई दिनों से इंतजार कर रहे श्रोताओं की उम्मीदों पर पानी फिर गया। सभी ने उनके निधन को बड़ी क्षति बताते हुए ईश्वर से अपने चरणों में स्थान देने की कामना की है।
राम जन्म भूमि न्यास के पूर्व अध्यक्ष वेदांती महाराज के बारे में कहा जाता है कि वे जिस तरह से रामकथा सुनाते थे, उनकी शैली के सभी कायल थे। उनकी इसी शैली के रसपान के लिए 19 से 25 दिसंबर तक रामकथा के आयोजन की तैयारी की जा रही थी। उनसे अनुमति लेने के बाद आयोजन समिति ने रामकथा को ऐतिहासिक बनाने के लिए लगभग सभी तैयारियां पूरी कर ली थी। इस अवसर पर न्यू बैतूल स्कूल ग्राउंड से विशाल धर्मयात्रा भी निकाली जानी थी।
इसमें न सिर्फ जिले नहीं बल्कि आसपास जिले के धर्मावलंबियों के बैतूल पहुंचने की जानकारी सामने आ रही थी। आयोजन समिति वेदांती महाराज के मुखारबिंद से आयोजित रामकथा को ऐतिहासिक बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ रही थी। चूंकि रामकथा में खुद भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं स्थानीय विधायक हेमंत खंडेलवाल की महत्ती भूमिका थी, इसलिए बैतूल में यह आयोजन ऐतिहासिक हो जाता।
रविवार को वेदांती महाराज का स्वास्थ्य खराब होने और उन्हें रीवा से एयरलिफ्ट कर भोपाल एम्स में भर्ती होने के बाद आयोजन समिति ने उनके मुखारबिंद से होने वाली रामकथा का आयोजन स्थगित कर दिया। आने वाले समय में नई तिथि पर विशाल स्तर पर रामकथा करवाने की जानकारी भी दी गई, लेकिन सोमवार एम्स में डॉक्टरों के तमाम प्रयासों के बावजूद वेदांती महाराज का दुखद निधन हो गया।

निधन से हर कोई शोकमग्न
रामजन्म भूमि से जुड़े होने के कारण वेदांती महाराज की ख्याति पूरे देश में थी। रविवार जब उनका स्वास्थ्य बिगड़ा तो दिग्गज नेताओं ने जानकारी ली। सोमवार उनके निधन के समाचार ने न सिर्फ राम भक्तों बल्कि राजनेताओं को भी स्तब्ध कर दिया। प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, उपमुख्यमंत्री डॉ राजेंद्र शुक्ल ने उनके निधन को अपूर्ण क्षति बताया है।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने उनके निधन को अत्यंत दुखद बताते कहा कि वेदांती महाराज का संपूर्ण जीवन सनातन धर्म के अभ्युदय, भगवान श्रीराम की भक्ति और जनसेवा के लिए सदैव समर्पित रहा। उनका महान व्यक्तित्व एवं कृतित्व हम सभी के लिए प्रेरणापूंज है। उन्होंने अपने शोक संदेश में कहा कि भगवान श्रीराम इस दुख की घड़ी में उनके अनुयायियों और शिष्य को आत्मबल प्रदान करें।




