Prashasnik Kona: प्रशासनिक कोना: ढाई खोखे की जांच का खेल, अब हाईकोर्ट में दस्तक….. 4 माह पहले फेंका बम अब फूटा…. नई तहसील के बिग बॉस का तबादला, लेकिन जाने का इरादा नहीं…. कौन है ये महाशय??? विस्तार से पढ़िए हमारे चर्चित कॉलम प्रशासनिक कोना में…….

ढाई खोखे की जांच का खेल, अब हाईकोर्ट की दस्तक!
बैतूल से हाल ही में तबादला होकर गए एक बड़े साहब की विदाई के बाद एक कथित फर्जी जांच रिपोर्ट चर्चा का विषय बनी हुई है। चर्चा है कि अपने हित साधने के लिए साहब ने एक महिला अधिकारी से विवादित जांच प्रतिवेदन पर हस्ताक्षर करा लिए। अब जब रिपोर्ट सामने आई है तो मामला हाईकोर्ट की चौखट तक पहुंचने की तैयारी में बताया जा रहा है। इधर, पूरे घटनाक्रम के बाद संबंधित महिला अधिकारी भी भारी तनाव में बताई जा रही हैं।
प्रशासनिक गलियारों में चर्चा है कि इस जांच रिपोर्ट के पीछे करीब ढाई खोखे का खेल हुआ है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि अदालत में मामला पहुंचने के बाद किन-किन पर आंच आती है।
चार माह पहले फेंका गोपनीय बम अब फूटा!
वर्दी वाले विभाग की हाल ही में जारी तबादला सूची में एक अफसर का नाम सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोर रहा है। विभागीय गलियारों में चर्चा है कि यह तबादला महज प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि चार महीने पहले भेजे गए एक गोपनीय प्रतिवेदन का नतीजा है। बताया जा रहा है कि बड़े साहब ने बहुचर्चित साइबर ठगी प्रकरण में कथित एक करोड़ के लेन-देन से जुड़े गंभीर तथ्यों का उल्लेख करते हुए विभाग के मुखिया तक गोपनीय रिपोर्ट भेजी थी।
उस समय मामला ठंडे बस्ते में जाता नजर आया, लेकिन अब तबादला सूची जारी होते ही लोग उसी प्रतिवेदन को इससे जोड़कर देख रहे हैं। विभाग में चर्चा है कि लंबे समय तक फाइलों में दबा रहा यह ‘गोपनीय बमÓ आखिरकार अब जाकर फूट गया और उसकी पहली गूंज तबादले के रूप में सुनाई दी। हालांकि विभाग की ओर से तबादले के पीछे कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया गया है, लेकिन गलियारों में इस घटनाक्रम को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं और कयासों का दौर जारी है।
नई तहसील के बिग बॉस का तबादला, लेकिन जाने का नहीं है इरादा!
जिले की नई तहसील के ‘बिग बॉसÓ इन दिनों खूब चर्चा में हैं। वजह है उनकी कार्यशैली और हाल ही में हुआ तबादला। प्रशासनिक गलियारों में चर्चा है कि साहब पर न तो कमिश्नर और कलेक्टर के निर्देशों का खास असर दिखता है और न ही स्थानीय जनप्रतिनिधियों की बातों का। अब जबकि उनका तबादला हो चुका है, अंदरखाने यह भी चर्चा है कि वे इसे निरस्त कराने की जुगत में जुटे हैं। वजह भी लोग अपने-अपने अंदाज में बता रहे हैं कि कहते हैं कि यहां की ‘कमाईÓ छोड़ना आसान नहीं है।
कानाफूसी यह भी है कि जो कर्मचारी या अधिकारी साहब के खिलाफ आवाज उठाता है, उसका तबादला कराने में देर नहीं लगती। हाल ही में महिला एवं बाल विकास विभाग की एक अधिकारी का जिला मुख्यालय तबादला भी चर्चाओं में है, जिसे लोग इसी कड़ी से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि इन तमाम चर्चाओं की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं है, लेकिन नई तहसील के गलियारों में इन दिनों ‘बिग बॉसÓ की विदाई से ज्यादा उनके रुकने की चर्चाएं गर्म हैं।




