Betul Samachar: डेढ़ वर्ष की लंबी पारी खेलने के बाद कोतवाली टीआई को लाइन भेजा
Betul Samachar: After playing a long innings of one and a half year, Kotwali TI was sent to the line.

अनुभवी सत्यप्रकाश सक्सेना को आठनेर से नया कोतवाल बनाया
Betul Samachar: बैतूल। आमद के पांचवें दिन नए एसपी वीरेंद्र जैन ने महकमे में पहला बदलाव किया है। कोतवाली थाना क्षेत्र में करीब डेढ़ वर्ष की लंबी पारी खेलने वाले अनुभवी टीआई रविकांत डेहरिया की रवानगी हो गई है। उन्हें कोई दूसरा थाना देने के बजाए सीधे लाइन भेज दिया है। उनके स्थान पर अनुभवी टीआई और आठनेर थाना प्रभारी सत्यप्रकाश सक्सेना को नया कोतवाल बनाया है। इस फेरबदल को लेकर राजनीति सुगबुगाहट तेज हो गई है।
जानकार सूत्र बताते हैं कि कोतवाली टीआई रविकांत डेहरिया को लेकर भाजपा के कई पदाधिकारी नाराज बताए जा रहे थे। 1-2 प्रकरणों को लेकर सत्तारूढ़ पार्टी के जनप्रतिनिधियों की नाराजगी खुलकर सामने आई थी। सूत्रों की माने तो करीब एक माह पहले ही पूर्व एसपी से भाजपा के जनप्रतिनिधियों ने टीआई की शिकायत की थी। तभी अंदाजा लगाया जा रहा था कि कोतवाली टीआई की रवानगी हो जाएगी। इस बीच पिछले दिनों गणेश उत्सव के चल समारोह के दौरान हुए लाठीचार्ज की घटना और हिंदू संगठनों की नाराजगी खुलकर सामने आई।

इसके बाद तय हो गया था कि कोतवाल को हटाया जा सकता है। हालांकि पूर्व एसपी के काफी करीबी होने के कारण उन्हें अभयदान मिल गया। इधर सूत्र बताते हैं कि नए एसपी जैन के आने के बाद कुछ थाना प्रभारियों की पदस्थापना में संभावना जताई जा रही थी। मंगलवार सुबह सबसे पहले कोतवाली टीआई रविकांत डेहरिया को लाइन भेज दिया गया। उनके स्थान पर फिलहाल टीआई सत्यप्रकाश सक्सेना को आठनेर से नया कोतवाल बनाया गया है। सक्सेना बीते तीन वर्षों से जिले में पदस्थ है।
वे अनुभवी होने के साथ अच्छे थानेदार बताए जाते हैं। आमला थाने में ही उन्होंने दो वर्ष की लंबी पारी खेली है। गत माह हुए तबादले में उन्हें चोपना का थाना प्रभारी बनाया गया था, लेकिन आठनेर थाना प्रभारी को शिकायत के बाद हटाने पर उन्हें यहां का जिम्मा मिल गया था। डेढ़ माह में ही उन्हें डेहरिया को लाइन भेजे जाने के बाद कोतवाली जैसे महत्वपूर्ण थाने की कमान सौंपी गई है। उधर सूत्र बताते हैं कि कोतवाली टीआई डेहरिया की कुछ मामलों में भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारियों के पास शिकायत पहुंची थी। यही शिकायत उनके लाइन अटैच होने का कारण बनी है।




